भराड़ीसैंण (गैरसैंण)। उत्तराखंड की ग्रीष्मकालीन राजधानी भराड़ीसैंण में विधानसभा के बजट सत्र की सरगर्मियां तेज हो गई हैं। राज्य के विकास और वित्तीय प्रबंधन को नई दिशा देने के उद्देश्य से शुरू हुए इस सत्र के दौरान विधायी और संवैधानिक परंपराओं का निर्वहन किया गया।

सैन्य सम्मान के साथ सत्र की शुरुआत
सत्र के औपचारिक शुभारंभ के अवसर पर राज्यपाल गुरमीत सिंह ने भराड़ीसैंण विधानसभा परिसर में भव्य परेड की सलामी ली। इसके पश्चात, वे विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी भूषण और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के साथ सदन की कार्यवाही में प्रतिभाग करने के लिए प्रस्थान कर गए।

सदन में अभिभाषण और शिष्टाचार भेंट
राज्यपाल गुरमीत सिंह ने विधानसभा में अपना अभिभाषण प्रस्तुत करते हुए सरकार की भावी योजनाओं और उपलब्धियों का खाका खींचा। इससे पूर्व, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्यपाल से शिष्टाचार भेंट की, जहाँ प्रदेश के विकास से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा हुई। इस दौरान संसदीय कार्यमंत्री सुबोध उनियाल समेत कई विधायक मौजूद रहे।

वित्तीय वर्ष 2026-2027 का बजट

सत्र का मुख्य आकर्षण आगामी वित्तीय वर्ष का बजट रहा। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पूरे उत्साह के साथ वित्तीय वर्ष 2026-2027 का बजट प्रस्तुत करने के लिए सदन की ओर प्रस्थान किया। उम्मीद जताई जा रही है कि यह बजट राज्य की बुनियादी सुविधाओं, स्वरोजगार और जन-कल्याणकारी योजनाओं को गति देने वाला साबित होगा।
