
कालागढ़।मानसून काल 2025 में वन एवं वन्यजीव सुरक्षा को लेकर कार्बेट टाइगर रिजर्व की झिरना, ढेला और कालागढ़ रेंज समेत सुरक्षा इकाई ने तराई पश्चिमी वन प्रभाग के साथ मिलकर संयुक्त गश्त और फ्लैग मार्च का आयोजन किया। इस अभियान का नेतृत्व उप प्रभागीय वनाधिकारी, कालागढ़ बिंदर पाल ने किया।

संयुक्त गश्त की शुरुआत झिरना वन विश्राम भवन से हुई, जहां अधिकारियों ने कर्मचारियों को ब्रीफिंग देने के बाद फ्लैग मार्च को रवाना किया। मार्च का पहला पड़ाव लालढांग वन क्षेत्र रहा, इसके बाद यह ढेला पहुंचा। यहां जनसंपर्क अभियान चलाया गया और सावल्दे, बासीटिला, हाथीडगर, मालधन, पतरामपुर, कल्लूवाला, धारा और मालोनी गांवों में ग्रामीणों से संवाद स्थापित किया गया।
फ्लैग मार्च आगे मीरापुर और भिक्कावाला से होता हुआ कालागढ़ पहुंचा, जहां डी-ब्रीफिंग के साथ इसका समापन किया गया। पूरे मार्ग में ग्रामीणों को वन्यजीव सुरक्षा से जुड़ी संभावित आपराधिक गतिविधियों और मानसून काल में मानव-वन्यजीव संघर्ष की आशंकाओं के बारे में जानकारी दी गई। साथ ही ग्रामीणों को वन्यजीवों के व्यवहार के प्रति सजग रहने की अपील भी की गई।

इस दौरान उप प्रभागीय वनाधिकारी कालागढ़ बिंदर पाल, वन क्षेत्राधिकारी नंद किशोर रूवाली (झिरना/कालागढ़), भानु प्रकाश हर्बोला (ढेला), संजय पांडे (एसओजी, कार्बेट टाइगर रिजर्व), वन दरोगा महेश चंद्र जोशी, नवीन चंद्र पपनै, वन आरक्षी दयाल सिंह बिष्ट, सुदेश कुमार, मनवर रावत, रंजीत, विवेक राणा, दैनिक श्रमिक/वाहन चालक सुन्दर तथा तराई पश्चिमी वन प्रभाग से यन आरक्षी अरुण कुमार, दीपक भट्ट और तरशेम सिंह सहित कई अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
लेटैस्ट न्यूज़ अपडेट पाने हेतु -
👉 वॉट्स्ऐप पर हमारे समाचार ग्रुप से जुड़ें
👉 हमारे फ़ेसबुक पेज को लाइक/फॉलो करें







