रुद्रपुर: उत्तराखंड के ऊधम सिंह नगर जिले से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। रुद्रपुर के गाबा चौक स्थित दो स्पा सेंटरों पर पुलिस और एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (AHTU) ने संयुक्त छापेमारी कर देह व्यापार के एक बड़े सिंडिकेट का पर्दाफाश किया है। स्पा सेंटर की आड़ में चल रहे इस अवैध धंधे में न केवल स्थानीय स्तर पर अनैतिक गतिविधियां हो रही थीं, बल्कि यह मामला मानव तस्करी (Human Trafficking) से भी जुड़ा पाया गया है।

एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट की बड़ी कार्रवाई
जानकारी के अनुसार, लंबे समय से पुलिस को गाबा चौक स्थित स्पा सेंटरों में संदिग्ध गतिविधियों की शिकायतें मिल रही थीं। इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट के इंचार्ज मनोहर सिंह दसौनी के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया। पुलिस टीम ने जब सुनियोजित तरीके से इन सेंटरों पर दबिश दी, तो वहां का नजारा देखकर अधिकारी भी दंग रह गए। स्पा सेंटर के कमरों से भारी मात्रा में आपत्तिजनक सामग्री बरामद की गई है, जो इस बात की पुष्टि करती है कि यहां मसाज की आड़ में जिस्मफरोशी का धंधा फल-फूल रहा था।
मिजोरम की युवतियों को बनाया गया शिकार
इस छापेमारी की सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि रेस्क्यू की गई युवतियां मिजोरम की रहने वाली हैं। जांच में यह तथ्य सामने आया है कि इन युवतियों को बेहतर नौकरी और अच्छी सैलरी का झांसा देकर रुद्रपुर लाया गया था। पहाड़ और पूर्वोत्तर की मासूम युवतियों को महानगरों में काम दिलाने के नाम पर तस्कर अपने जाल में फंसाते हैं और फिर उन्हें ऐसे अवैध धंधों में धकेल दिया जाता है। इस मामले में मिजोरम पुलिस का भी सहयोग लिया गया है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि इस अंतरराष्ट्रीय या अंतर्राज्यीय गिरोह के तार और कहां-कहां जुड़े हैं।

कैसे चलता था अवैध नेटवर्क?
पुलिस पूछताछ में प्राथमिक जानकारी मिली है कि स्पा सेंटर के संचालक ग्राहकों से मोटी रकम वसूलते थे। युवतियों को डरा-धमकाकर और उन्हें आर्थिक रूप से मजबूर कर इस अनैतिक कार्य में लगाया गया था। छापेमारी के दौरान पुलिस ने मौके से संचालकों और कुछ अन्य संदिग्धों को हिरासत में लिया है। पुलिस अब उन कड़ियों को जोड़ रही है जिनके जरिए इन युवतियों को मिजोरम से रुद्रपुर तक पहुंचाया गया।
इलाके में हड़कंप, पुलिस की सख्त चेतावनी
गाबा चौक जैसे व्यस्त इलाके में हुई इस कार्रवाई से पूरे रुद्रपुर शहर में हड़कंप मच गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि स्पा सेंटरों की आड़ में इस तरह की गतिविधियां शहर के माहौल को खराब कर रही हैं। ऊधम सिंह नगर पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि जिले में किसी भी तरह की मानव तस्करी, अनैतिक देह व्यापार या अवैध गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
आगे की कार्रवाई और काउंसलिंग
रेस्क्यू की गई सभी युवतियों को फिलहाल सुरक्षित स्थान पर भेज दिया गया है। महिला पुलिस अधिकारियों और विशेषज्ञों की देखरेख में उनकी काउंसलिंग की जा रही है, ताकि उन्हें इस ट्रॉमा से बाहर निकाला जा सके और उनके घर वापसी की प्रक्रिया शुरू की जा सके। वहीं, पकड़े गए संचालकों के खिलाफ अनैतिक व्यापार (निवारण) अधिनियम (PITA) और अन्य गंभीर धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज करने की प्रक्रिया जारी है।
रुद्रपुर की यह घटना एक बार फिर चेतावनी देती है कि स्पा और मसाज पार्लर के नाम पर चल रहे केंद्रों की नियमित जांच कितनी आवश्यक है। एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट का कहना है कि यह अभियान अभी थमा नहीं है। आने वाले दिनों में जिले के अन्य स्पा सेंटरों और होटलों में भी इसी तरह की आकस्मिक चेकिंग की जाएगी। पुलिस का लक्ष्य इस पूरे नेटवर्क को जड़ से खत्म करना है ताकि भविष्य में किसी और मासूम को इस दलदल में न धकेला जा सके।
