उत्तरकाशीउत्तराखंडगढ़वाल

उत्तरकाशी में 21 साल बाद वरुणावत पर्वत ने फिर उड़ाई लोगो की नीदें भूस्खलन से गिरे भारी बोल्डरो से कॉलोनी के लोगो में मची अफरा तफरी

ख़बर शेयर करें

उत्तरकाशी।मंगलवार की देर रात गौफियारा कॉलोनी में उस समय अफरा तफरी मच गई जब लोग अपने घरों में चैन की नींद सोए हुए थे कि अचानक वरुणावत पर्वत से भूस्खलन होना शुरू हो गया जिस कारण भारी बोल्डर गिर कर कॉलोनी के करीब पहुंच गए,जिससे लोग भयभीत होकर अपने घरों से बाहर निकल आए।21 साल बाद वरुणावत पर्वत से भूस्खलन होना बताया जा रहा है।इससे पहले वर्ष 2003 में इस पर्वत से भूस्खलन हुआ था।

यह भी पढ़ें 👉  30 सालों की आवश्यकताओं  को ध्यान में रखते हुए जलापूर्ति की कार्य योजना बनाई जाए - मुख्यमंत्री

जानकारी के मुताबिक मंगलवार की देर रात को वरुणावत पर्वत से अचानक भूस्खलन होने लगा।इस समय  गौफियारा कॉलोनी के लोग गहरी नींद में सोए हुए थे।इस घटना की भनक सबसे पहले सामने गंगा पार स्थित तिलोथ गांव के लोगो को हुई।उन्होंने पहाड़ी से भूस्खलन होते देखा जिसके बाद वहां के लोगो ने गौफियारा कॉलोनी के लोगो को जगाने के लिए हल्ला मचाना शुरू कर दिया।हल्ले की आवाज़ें सुन कर लोग नींद से बेदार हुए और अपने घरों से बाहर निकले पहाड़ी से भारी बोल्डरो को गिरता देख हक्का बक्का रह गए और लोगो ने तुरन्त अपने घरों से अपने परिजनों को बाहर निकाल कर सड़क पर आ गए।पहाड़ी से भारी बोल्डर दरकने के बाद कॉलोनी के निकट पहुंच गए थे गनीमत रही की कोई जानमाल का नुकसान नहीं हुआ।

यह भी पढ़ें 👉  मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने विभिन्न विषयों पर शहरी विकास एवं सिंचाई विभाग के साथ की बैठक ।

घटना की सूचना जनपद आपातकालीन परिचालन केंद्र में दी गई ।जिसके बाद जिलाधिकारी डॉ मेहरबान सिंह तुरन्त घटना स्थल का मुआयना करने पहुंचे।गौफियारा कॉलोनी के लोगो को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने व अन्य व्यवस्थाएं करने के अधिकारियों कर्मचारियों को दिशा निर्देश दिए है।

यह भी पढ़ें 👉  30 सालों की आवश्यकताओं  को ध्यान में रखते हुए जलापूर्ति की कार्य योजना बनाई जाए - मुख्यमंत्री

उधर एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पुलिस, राजस्व विभाग की टीम ने मौके पर पहुंच कर लोगों को अलर्ट और सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी।बहरहाल सुबह तक वहां की स्थित सामान्य है।बावजूद इसके लोग सतर्क हैं।

रिपोर्ट:कीर्ति निधि सजवान,उत्तरकाशी।