उत्तरकाशी।देवभूमि उत्तराखंड के उत्तरकाशी जनपद से एक बार फिर दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। अमूमन शांत रहने वाली शांत वादियों में शुक्रवार की दोपहर चीख-पुकार में बदल गई, जब नौगांव-पुरोला मोटर मार्ग पर एक भीषण सड़क दुर्घटना (Road Accident) में एक होनहार युवक ने अपनी जान गंवा दी। इस अप्रत्याशित हादसे ने न सिर्फ एक हंसते-खेलते परिवार के चिराग को बुझा दिया है, बल्कि पूरे क्षेत्र को गहरे शोक और सन्नाटे में डुबो दिया है।
कैसे और कहाँ हुआ हादसा?
यह दर्दनाक हादसा शुक्रवार दोपहर तकरीबन 12:00 बजे का है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, एक ऑल्टो कार नौगांव से पुरोला की ओर सामान्य गति से जा रही थी। जैसे ही वाहन स्टेट हाईवे-17 (SH-17) पर स्थित थली सड़क के करीब पहुँचा, अचानक कार चालक का वाहन पर से नियंत्रण हट गया। पलक झपकते ही अनियंत्रित कार सीधे नीचे द्वारसेरी क्षेत्र के खेतों में जा गिरी।

कार के गिरते ही उसकी आवाज इतनी भयानक थी कि आस-पास के ग्रामीण तुरंत घटना की ओर दौड़ पड़े। इस भीषण हादसे में कार चालक आकाश उर्फ विशन (उम्र 35 वर्ष), पुत्र सुंदर लाल की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। मृतक युवक डाबरा गांव (पट्टी गढ़/खाटल) का मूल निवासी था। 35 वर्ष की अल्पायु में आकाश के इस दुनिया से चले जाने की खबर ने हर किसी की आंखें नम कर दी हैं।
SDRF टीम का त्वरित रिस्पांस
हादसे की भयावहता को देखते हुए स्थानीय लोगों ने तुरंत प्रशासन और आपातकालीन सेवाओं को सूचित किया। घटना की सूचना मिलते ही SDRF टीम (SDRF_Uttarakhand) बिना किसी देरी के घटनास्थल पर पहुँची। खेतों की गहराई और क्षतिग्रस्त वाहन के मलबे के बीच से शव को निकालना बेहद चुनौतीपूर्ण कार्य था, लेकिन राहत एवं बचाव दल ने त्वरित कार्रवाई करते हुए शव को कड़ी मशक्कत के बाद बाहर निकाला।
एसडीआरएफ की इस टीम ने शव को बरामद कर स्थानीय पुलिस के सुपुर्द किया। पुलिस प्रशासन ने तुरंत पंचनामा भरकर शव को कब्जे में ले लिया और आगे की विधिक कार्यवाही करते हुए उसे पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सटीक कारणों और दुर्घटना के तकनीकी पहलुओं का विश्लेषण किया जा सकेगा।

क्षेत्र में शोक की लहर
जैसे ही आकाश उर्फ विशन की मृत्यु की खबर उसके पैतृक गांव डाबरा और पूरे नौगांव क्षेत्र में पहुँची, वहां चीख-पुकार मच गई। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव के एक युवा और ऊर्जावान चेहरे का इस तरह असमय चले जाना पूरे समाज के लिए एक अपूरणीय क्षति है। आस-पास के ग्रामीणों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने शोकाकुल परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त की हैं।
पहाड़ों पर सफर और सुरक्षा का सवाल
यह हादसा एक बार फिर उत्तराखंड के पर्वतीय मार्गों पर सफर करने वालों के लिए एक चेतावनी की तरह है। आए दिन होने वाले इन हादसों (सड़क दुर्घटना) ने पर्वतीय क्षेत्रों में यातायात सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। तीखे मोड़, संकरे रास्ते और अप्रत्याशित भौगोलिक परिस्थितियां अक्सर चालकों की छोटी सी चूक को जानलेवा बना देती हैं। स्थानीय निवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि ऐसे दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में क्रैश बैरियर और सुरक्षात्मक उपाय और कड़े किए जाएं।
उत्तरकाशी से जुड़ी पल-पल की अपडेट और खबरों (UttarkashiUpdate) के लिए सतर्क रहें और सुरक्षित सफर करें। यह हादसा हमें याद दिलाता है कि पहाड़ों पर ड्राइविंग के दौरान जरा सी लापरवाही कितनी भारी पड़ सकती है।
रिपोर्ट: कीर्ति निधि सजवान, उत्तरकाशी
