देहरादून में बड़ी कार्रवाई: चेकिंग के दौरान महाराष्ट्र नंबर की स्कार्पियो से ₹1.55 करोड़ कैश बरामद, सीट के नीचे बना था सीक्रेट केबिन
देहरादून:उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में पुलिस को वाहन चेकिंग अभियान के दौरान एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। कैंट थाना पुलिस ने बिना वैध दस्तावेजों के देहरादून लाई जा रही 1 करोड़ 55 लाख रुपये की भारी-भरकम नगद धनराशि बरामद की है। यह नकदी एक महाराष्ट्र नंबर की स्कार्पियो कार में बेहद शातिर तरीके से बनाए गए सीक्रेट केबिन में छुपाकर रखी गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए आयकर विभाग (Income Tax Department) की टीम को मौके पर बुलाया गया, जो अब आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है।
सिरमौर मार्ग पर संदिग्ध स्कार्पियो को रोका
मिली जानकारी के अनुसार, वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर जनपद में सघन वाहन चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। इसी के तहत कैंट पुलिस और बिंदाल चौकी प्रभारी की टीम राजेंद्र नगर कौलागढ़ क्षेत्र में सिरमौर मार्ग पर चेकिंग कर रही थी।
इसी दौरान पुलिस टीम को एक संदिग्ध महाराष्ट्र नंबर की महिंद्रा स्कार्पियो-एन (MH12XT 3245) आती हुई दिखाई दी। पुलिस ने जब कार को रोककर तलाशी लेनी चाही और दस्तावेज मांगे, तो वाहन चालक टालमटोल करने लगा और इधर-उधर की बातें बनाने लगा।
सख्ती से पूछताछ में खुला ‘सीक्रेट केबिन’ का राज
वाहन चालक की हरकतों पर शक होने पर जब पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की, तो उसने गाड़ी के अंदर भारी मात्रा में कैश होने की बात कुबूल कर ली। आरोपी ने बताया कि गाड़ी के बीच वाली और पिछली सीट के बीच एक विशेष ‘सीक्रेट केबिन’ बनाया गया है, जिसके अंदर नगदी छिपाई गई है।
आयकर विभाग को दी गई तत्काल सूचना
गाड़ी में करोड़ों रुपये का कैश होने की जानकारी मिलते ही पुलिस ने तुरंत उच्चाधिकारियों को मामले से अवगत कराया। इसके बाद क्षेत्राधिकारी नगर और आयकर विभाग की टीम को मौके पर बुलाया गया। आयकर अधिकारियों की मौजूदगी में जब सीक्रेट केबिन को खोला गया, तो पुलिस की आंखें फटी रह गईं। केबिन नोटों की गड्डियों से भरा हुआ था। गिनती करने पर कुल रकम लगभग 1 करोड़ 55 लाख रुपये पाई गई।
बनारस से आ रहा था कैश, गुजरात के 3 लोग हिरासत में
पूछताछ के दौरान वाहन चालक या कार में सवार अन्य लोग इस रकम से संबंधित कोई भी वैध दस्तावेज या बिल पेश नहीं कर पाए। पूछताछ में चालक ने खुलासा किया कि वह यह रकम बनारस (वाराणसी) से लेकर आ रहा था और इसे कार में ही बैठे जसवंत नाम के शख्स को सौंपना था। पुलिस ने कार को सीज कर दिया है और तीनों आरोपियों को हिरासत में लेकर आयकर विभाग को सौंप दिया है।
पकड़े गए संदिग्धों का विवरण:
- सतीश भाई (उम्र 51 वर्ष), पुत्र स्व. हरगोविंद भाई, निवासी: तालुका विसनागर, जिला मेहसाणा, गुजरात (वाहन चालक)
- ठाकुर जसवंत संघ बनाजी, पुत्र स्व. बनाजी, निवासी: ग्राम सेधा, तालुका चणसमा, जिला पाटन, गुजरात
- सचिन पटेल, पुत्र नरेंद्र भाई, निवासी: ग्राम दीनप, थाना विसनागर, जिला मेहसाणा, गुजरात
आयकर विभाग की टीम कर रही है आगे की कार्रवाई
इस पूरी कार्रवाई में पुलिस और आयकर विभाग की संयुक्त टीमों ने मुख्य भूमिका निभाई। बरामद की गई रकम का अंतिम आंकलन करने के साथ ही आयकर विभाग की टीम तीनों आरोपियों के बयान दर्ज कर रही है। यह पैसा कहाँ से आया था और इसका इस्तेमाल कहाँ होना था, इसकी जांच जारी है।
सराहनीय कार्य करने वाली टीमें:
- पुलिस टीम: उप-निरीक्षक विनयता चौहान (चौकी प्रभारी बिंदाल), अपर उप-निरीक्षक वीरेंद्र राम, कॉन्स्टेबल योगेश सैनी।
- आयकर विभाग की टीम: पंकज खत्री (सहायक आयकर निदेशक), शशांक पाल (आयकर निरीक्षक), कमलेश पंत (आयकर निरीक्षक)।
