- मुख्यमंत्री ने हर घर तिरंगा यात्रा कार्यक्रम में किया प्रतिभाग
- मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से स्वतंत्रता दिवस पर अपने घरों में तिरंगा फहराने का किया आवाह्न
देहरादून। स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर से ठीक पहले राजधानी देहरादून देशभक्ति के जज्बे से सराबोर हो उठी। गांधी पार्क से शुरू हुई ‘हर घर तिरंगा यात्रा’ में जनसैलाब उमड़ पड़ा। इस ऐतिहासिक तिरंगा यात्रा में हिस्सा लेते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेशवासियों से अपील की कि वे अपने-अपने घरों पर तिरंगा फहराकर राष्ट्रभक्ति की भावना को और मजबूत करें।
यात्रा की शुरुआत से पहले मुख्यमंत्री ने घंटाघर स्थित उत्तराखंड आंदोलन के जननायक इंद्रमणि बडोनी और भारत रत्न बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमाओं पर पुष्पांजलि अर्पित की। इसके बाद हजारों नागरिकों के साथ हाथों में तिरंगा लिए गांधी पार्क से घंटाघर तक पैदल मार्च किया।

तिरंगा करोड़ों भारतीयों के स्वाभिमान का प्रतीक
जनसभा को संबोधित करते हुए कहा गया कि तिरंगा यात्रा केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि राष्ट्र गौरव का उत्सव है। तिरंगा देश के करोड़ों नागरिकों के स्वाभिमान का प्रतीक है। देश की सीमाओं की रक्षा करने वाले वीर जवानों और स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों ने इस ध्वज की आन-बान-शान के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर किया है। उत्तराखंड की पावन भूमि को ‘देवभूमि’ के साथ-साथ ‘वीरभूमि’ भी कहा जाता है, जहाँ का हर दूसरा परिवार देश की रक्षा के लिए सीमा पर तैनात है।

आर्थिक महाशक्ति बनने की ओर अग्रसर भारत
देश के मौजूदा परिदृश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा गया कि भारत आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में एक वैश्विक महाशक्ति के रूप में उभर रहा है। ‘मेक इन इंडिया’, ‘डिजिटल क्रांति’ और स्वदेशी तकनीकों के माध्यम से देश आत्मनिर्भरता की नई ऊंचाइयों को छू रहा है। सर्जिकल स्ट्राइक और ऑपरेशन सिंदूर जैसे साहसिक कदमों ने दुनिया भर में भारतीय सेना के पराक्रम का लोहा मनवाया है। आज भारत रक्षा उपकरणों के आयातक से बढ़कर निर्यातक देश बन चुका है।

उत्तराखंड के विकास के आंकड़े दे रहे तरक्की की गवाही
उत्तराखंड के आर्थिक और सामाजिक विकास का खाका प्रस्तुत करते हुए बताया गया कि राज्य ‘विकसित भारत 2047’ के संकल्प को पूरा करने में अग्रणी भूमिका निभा रहा है। डबल इंजन सरकार के प्रयासों से प्रदेश की अर्थव्यवस्था में अभूतपूर्व उछाल आया है:
- जीएसडीपी में वृद्धि: पिछले एक वर्ष में राज्य की सकल घरेलू उत्पाद (GSDP) दर में 7.23 प्रतिशत की रिकॉर्ड बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
- प्रतिव्यक्ति आय में उछाल: प्रदेशवासियों की प्रतिव्यक्ति आय में 41 प्रतिशत की ऐतिहासिक वृद्धि हुई है।
- औद्योगिक क्रांति: राज्य में 20 हजार से अधिक नए उद्योग स्थापित हुए हैं और स्टार्टअप्स की संख्या बढ़कर 1,750 से अधिक हो चुकी है।
- रिवर्स पलायन: कड़े नीतिगत निर्णयों और रोजगार के अवसरों के कारण रिवर्स पलायन में 44 प्रतिशत की बढ़ोतरी देखी गई है।
- सतत विकास (SDG): सतत विकास के लक्ष्यों को प्राप्त करने में उत्तराखंड ने देशभर में पहला स्थान हासिल किया है।

कड़े कानूनों से सुरक्षित हो रहा देवभूमि का मूल स्वरूप
प्रदेश के सामाजिक ताने-बाने को सुरक्षित रखने और पारदर्शी प्रशासन देने के लिए उठाए गए कड़े कदमों का भी जिक्र किया गया:
- समान नागरिक संहिता (UCC): उत्तराखंड देश का पहला राज्य बना जिसने समान नागरिक संहिता का कानून लागू किया।
- सख्त कानून: राज्य में कठोर धर्मांतरण विरोधी कानून और दंगा रोधी कानून लागू किए गए हैं।
- अवैध निर्माणों पर कार्रवाई: 13 हजार एकड़ से अधिक सरकारी भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया गया। साथ ही मदरसा बोर्ड को समाप्त कर ‘उत्तराखंड राज्य अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण’ का गठन किया गया और 250 से अधिक अवैध मदरसों पर कार्रवाई की गई।
- पारदर्शी रोजगार: सख्त नकल विरोधी कानून के लागू होने के बाद बीते 5 वर्षों में बिना किसी धांधली के 34 हजार से अधिक युवाओं को पारदर्शी तरीके से सरकारी नौकरियां दी गईं।
युवाओं को ‘नौकरी मांगने वाला नहीं, बल्कि नौकरी देने वाला’ बनाने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना, होम-स्टे योजना और नई पर्यटन नीति के माध्यम से उद्यमिता को बढ़ावा दिया जा रहा है।

कार्यक्रम में गणमान्य जनों की गरिमामयी उपस्थिति
इस भव्य तिरंगा यात्रा के अवसर पर राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट, नरेश बंसल, कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, सौरभ बहुगुणा, खजान दास, विधायक उमेश शर्मा काऊ, विनोद चमोली, सविता कपूर, मेयर सौरभ थपलियाल, महानगर अध्यक्ष सिद्धार्थ अग्रवाल, महामंत्री कुंदन परिहार और दीप्ति रावत सहित भारी संख्या में स्थानीय प्रतिनिधि और नागरिक मौजूद रहे।