Rudrapur Murder Case: सड़क हादसा नहीं कत्ल की खौफनाक वारदात, अवैध संबंधों में पत्नी ने ही ली पति की जान!
रुद्रपुर: देवभूमि उत्तराखंड के उधम सिंह नगर से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। जहाँ एक सड़क दुर्घटना की आड़ में छिपी खौफनाक साजिश का पर्दाफाश हुआ है। जिस मामले को शुरुआत में महज एक तेज रफ्तार कार का एक्सीडेंट माना जा रहा था, वह दरअसल एक सोची-समझी हत्या निकली। इस पूरी खौफनाक पटकथा की मास्टरमाइंड कोई और नहीं, बल्कि खुद मृतक की पत्नी ही निकली, जिसने अपने प्रेम प्रसंग के आड़े आ रहे पति को रास्ते से हटाने के लिए यह खूनी खेल रचा था।
उत्तराखंड पुलिस ने पूरी मुस्तैदी दिखाते हुए महज 48 घंटे के भीतर इस पेचीदा और सनसनीखेज हत्याकांड का खुलासा कर दिया है। पुलिस ने आरोपी पत्नी और उसके दो नाबालिग सहयोगियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।

धान के खेत में कार, अंदर पड़ा था खून से लथपथ शव
घटना 17 अगस्त की है। उधम सिंह नगर जिले के प्रतापपुर इलाके में सड़क किनारे धान के खेत में एक स्विफ्ट डिजायर कार लावारिस और अनियंत्रित हालत में पाई गई थी। स्थानीय लोगों की सूचना पर जब पुलिस मौके पर पहुँची, तो कार का नजारा देखकर हैरान रह गई। गाड़ी के भीतर चालक की सीट पर एक युवक खून से लथपथ हालत में मृत पड़ा हुआ था।
मृतक की पहचान कुंडेश्वरी निवासी संजीव कुमार (32 वर्ष) के रूप में हुई। पहली नज़र में देखने पर ऐसा लगा कि कार अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे उतरी और दुर्घटनाग्रस्त हो गई, जिससे संजीव की मौत हो गई। पुलिस ने शव को तुरंत कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा और प्राथमिक तौर पर सड़क हादसे की धारा में जांच शुरू की।
शातिर चाल: मासूमों पर झूठा आरोप और पोस्टमार्टम का बड़ा खुलासा
पति की मौत के बाद आरोपी पत्नी निशा ने खुद को बेकसूर साबित करने के लिए एक घिनौनी चाल चली। उसने पुलिस के सामने अपनी ही दुकान पर काम करने वाले दो नाबालिगों के खिलाफ झूठी नामजद रिपोर्ट दर्ज करा दी, ताकि पुलिस का ध्यान भटक जाए और पूरा मामला आपसी रंजिश या हादसे के इर्द-गिर्द घूमता रहे।
लेकिन कानून के हाथ बहुत लंबे होते हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आते ही पूरे मामले की दिशा पूरी तरह बदल गई। डॉक्टरों के पैनल ने पाया कि संजीव की मौत कार पलटने से नहीं, बल्कि गनशॉट इंजरी (गोली लगने) की वजह से हुई है। संजीव को बहुत करीब से गोली मारी गई थी। पोस्टमार्टम की इस रिपोर्ट ने एक्सीडेंट की थ्योरी को खारिज कर दिया और पुलिस का शक गहरा गया।
पूछताछ में उलझी पत्नी, ऐसे खुली बेवफाई की पोल
पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद पुलिस ने हत्या के एंगल से जांच शुरू की और सीसीटीवी फुटेज खंगालने शुरू किए। जब पुलिस ने मृतक की पत्नी निशा से दोबारा पूछताछ की, तो उसके बयानों में भारी विरोधाभास देखने को मिला। वह बार-बार अपनी ही कही बातों में उलझने लगी।
सख्ती से पूछताछ करने और तकनीकी साक्ष्यों का मिलान करने पर पुलिस का शक यकीन में बदल गया। इसके बाद पुलिस ने संजीव की दुकान पर काम करने वाले दोनों किशोरों को हिरासत में लेकर कड़ी पूछताछ की। पुलिस के तगड़े सवालों के आगे दोनों टूट गए और उन्होंने पूरा सच उगल दिया।
टेंट की दुकान से शुरू हुई लव स्टोरी और रची गई मौत की साजिश
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि संजीव कुमार रामनगर के थारी गांव में टेंट की दुकान चलाते थे। उनकी दुकान पर दोनों किशोर काम करते थे। इसी दौरान संजीव की पत्नी निशा का दुकान पर काम करने वाले एक किशोर के साथ प्रेम-प्रसंग शुरू हो गया।
दोनों का इश्क इस कदर परवान चढ़ा कि उन्होंने संजीव को अपने रास्ते का सबसे बड़ा कांटा मान लिया। इसके बाद दोनों ने मिलकर संजीव को ठिकाने लगाने की योजना बनाई ताकि वे बिना किसी रोक-टोक के एक साथ रह सकें।
बर्थडे पार्टी का बहाना और कार के अंदर चलाई गोली
17 अगस्त को साजिश के तहत सभी आरोपियों ने जन्मदिन की पार्टी में जाने का प्लान बनाया। संजीव कार चला रहे थे। निशा और दोनों किशोर कार में सवार थे। जैसे ही कार प्रतापपुर के सुनसान और अंधेरे इलाके में पहुँची, पीछे बैठी सीट से एक किशोर ने अवैध तमंचे से संजीव के सिर से सटाकर गोली मार दी।
गोली लगते ही संजीव का कार पर से नियंत्रण छूट गया और कार सड़क किनारे धान के खेत में जाकर रुक गई। संजीव की मौके पर ही तड़प-तड़पकर मौत हो गई। इसके बाद आरोपी संजीव को उसी हालत में छोड़कर मौके से फरार हो गए, ताकि यह पूरा मामला एक सड़क हादसे जैसा दिखाई दे।
आरोपी गिरफ्तार, पुलिस टीम को मिला ईनाम
पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए आरोपी पत्नी निशा और दोनों नाबालिगों को गिरफ्तार कर लिया है। उनकी निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किया गया तमंचा, खोखा और जिंदा कारतूस भी बरामद कर लिया गया है। पुलिस अब इन आरोपियों के पुराने आपराधिक इतिहास की जानकारी जुटा रही है।
महज 48 घंटे के भीतर एक अंधे कत्ल की गुत्थी को सुलझाने पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने पूरी पुलिस टीम की जमकर तारीफ की और उनकी पीठ थपथपाई। इस वारदात के खुलासे ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है और लोग इस खौफनाक साजिश की चर्चा कर रहे हैं।