अल्मोड़ा (उत्तराखंड): उत्तराखंड के पहाड़ी रास्तों पर सड़क हादसों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। मंगलवार को अल्मोड़ा-पिथौरागढ़ मोटर मार्ग पर एक दर्दनाक सड़क हादसा (Almora Road Accident) सामने आया है। नीम करोली बाबा के प्रसिद्ध कैंची धाम के दर्शन कर जागेश्वर धाम जा रहे उत्तर प्रदेश के श्रद्धालुओं की एक बोलेरो अनियंत्रित होकर करीब 20 से 25 मीटर गहरी खाई में जा गिरी। इस भीषण दुर्घटना में गाड़ी में सवार 4 बच्चों सहित कुल 11 लोग घायल हो गए हैं, जिनमें से 4 श्रद्धालुओं की हालत बेहद गंभीर बनी हुई है।
बाड़ेछीना के पास अनियंत्रित होकर गधेरे में अटकी बोलेरो
मिली जानकारी के अनुसार, यह हादसा मंगलवार को धौलछीना क्षेत्र के बाड़ेछीना के पास अल्मोड़ा-पिथौरागढ़ मार्ग पर हुआ। श्रद्धालुओं से भरी बोलेरो गाड़ी (UK 03 ΤΑ 0097) अचानक बेकाबू होकर गहरी खाई की ओर लुढ़क गई। गनीमत यह रही कि खाई में गिरने के बाद बोलेरो नीचे एक गधेरे (बरसाती नाले) में जाकर अटक गई। अगर गाड़ी गधेरे में न अटकती, तो यह एक बड़ी जनहानि में तब्दील हो सकता था। हादसे के वक्त वाहन में 7 वयस्क और 4 मासूम बच्चे सवार थे।

रास्ता भटकने और ड्राइवर को झपकी आने से हुआ हादसा
प्रारंभिक जांच और पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, दुर्घटना के पीछे दो मुख्य कारण सामने आ रहे हैं—रास्ता भटकना और ड्राइवर को नींद की झपकी आना। दरअसल, यह श्रद्धालु परिवार टनकपुर मेले में अपनी दुकान लगाने के बाद बाबा नीम करोली के कैंची धाम दर्शन के लिए आया था। वहाँ से वे जागेश्वर धाम के लिए रवाना हुए।
बाड़ेछीना पहुंचने के बाद चालक भूलवश जागेश्वर मार्ग की बजाय धौलछीना मार्ग की ओर मुड़ गया। बाड़ेछीना से करीब एक किलोमीटर आगे जाने पर ड्राइवर को अचानक नींद की झपकी आ गई, जिससे उसने वाहन पर से नियंत्रण खो दिया और गाड़ी सीधे खाई में जा गिरी।
स्थानीय लोगों और पुलिस ने चलाया त्वरित रेस्क्यू अभियान
हादसे की गूंज सुनते ही स्थानीय लोग देवदूत बनकर मौके पर पहुंचे। उन्होंने तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू किया और पुलिस व प्रशासन को इसकी सूचना दी। स्थानीय निवासियों और राहत दल ने सूझबूझ दिखाते हुए खाई से सभी 11 घायलों को सुरक्षित बाहर निकाला। सभी घायलों को तुरंत आपातकालीन चिकित्सा के लिए नजदीकी बाड़ेछीना अस्पताल पहुंचाया गया।
अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद तीन से चार गंभीर रूप से घायल मरीजों को ‘108’ एम्बुलेंस के माध्यम से तुरंत बेस अस्पताल अल्मोड़ा रेफर कर दिया गया। डॉक्टरों के अनुसार, गंभीर घायलों में पूर्णिमा शुक्ला और दीपाली तिवारी शामिल हैं, जिन्हें बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर किया जा रहा है।

उत्तर प्रदेश के कानपुर और अयोध्या के रहने वाले हैं श्रद्धालु
पुलिस प्रशासन ने हादसे का शिकार हुए सभी यात्रियों की शिनाख्त कर ली है। बोलेरो में सवार अधिकांश यात्री उत्तर प्रदेश के कानपुर और अयोध्या के निवासी हैं। घायलों की सूची इस प्रकार है:
- दिनेश कुमार शुक्ला (62 वर्ष)
- प्रतिमा शुक्ला (50 वर्ष)
- पूर्णिमा शुक्ला (24 वर्ष) – हालत गंभीर
- स्नेहा शुक्ला (23 वर्ष)
- अमित तिवारी (32 वर्ष)
- दीपाली तिवारी (25 वर्ष) – हालत गंभीर
- दिव्यांश तिवारी (5 वर्ष)
- शिवांश तिवारी (2 वर्ष)
- ममता कौशल
- मानवी कौशल
- शेर सिंह (56 वर्ष) – वाहन चालक (निवासी मोहनपुर)
पुलिस जांच में जुटी, पहाड़ों में यात्रा करते समय बरतें सावधानी
अल्मोड़ा पुलिस के अनुसार, दुर्घटना के सटीक कारणों का पता लगाने के लिए मामले की जांच की जा रही है। वहीं, स्थानीय प्रशासन ने एक बार फिर बाहरी राज्यों से आने वाले तीर्थयात्रियों और चालकों से अपील की है कि वे पहाड़ी रास्तों पर यात्रा करते समय बेहद सतर्क रहें। पहाड़ों में तीखे मोड़ और संकरे रास्ते होने के कारण जरा सी लापरवाही या नींद की एक झपकी जानलेवा साबित हो सकती है। लंबी दूरी तय करने के बाद चालकों को पर्याप्त आराम करने की सलाह दी गई है।