SOG, AHTU और रामनगर पुलिस की संयुक्त छापेमारी; विदेश और बाहरी राज्यों से बुलाई गई थीं युवतियां, ₹2.20 लाख में बुक था रिसॉर्ट, मैनेजर फरार और परिसर सील।
रामनगर (नैनीताल): उत्तराखंड के नैनीताल जनपद के अंतर्गत आने वाले रामनगर क्षेत्र से एक बेहद सनसनीखेज और बड़ी खबर सामने आई है। नैनीताल के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) डॉ० मंजूनाथ टी०सी० के कड़े और सटीक निर्देशन में पुलिस ने एक बड़े हाई-प्रोफाइल सेक्स रैकेट और अवैध गतिविधियों के नेटवर्क को ध्वस्त कर दिया है। एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (AHTU), एसओजी (SOG) और रामनगर थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने क्षेत्र के एक नामी रिसॉर्ट में छापेमारी कर अनैतिक देह व्यापार, नशीली पार्टी और अश्लील नृत्य के साम्राज्य का पर्दाफाश किया है। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है।
10 महिलाएं मुक्त कराई गईं, एक नाबालिग भी शामिल
पुलिस को मुखबिर के जरिए पुख्ता सूचना मिली थी कि रामनगर के एक रिसॉर्ट में बाहरी राज्यों और विदेशों से युवतियों को बुलाकर अवैध रूप से देह व्यापार और रेव पार्टी का आयोजन किया जा रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक नगर श्री मनोज सिंह करयाल एवं अपर पुलिस अधीक्षक रामनगर श्री अमित कुमार सैनी के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया।
04 जुलाई 2026 को पुलिस टीम ने जब रिसॉर्ट पर अचानक छापा मारा, तो वहां का नजारा देखकर अधिकारी भी दंग रह गए। मौके से कुल 10 महिलाओं को मुक्त कराया गया है, जिन्हें देह व्यापार के दलदल में धकेला गया था। इन महिलाओं में एक नाबालिग लड़की भी शामिल है। पुलिस ने तत्काल सभी महिलाओं को रेस्क्यू कर उन्हें इस नरक से आजाद कराया।
कंपनी के नाम पर बुलाई गई थी अय्याशी की महफिल
पकड़े गए आरोपियों से शुरुआती पूछताछ में चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। इस पूरी घिनौनी पार्टी का मुख्य आयोजक मेरठ का रहने वाला उमेन्द्र कुमार (उम्र 50 वर्ष) है। उमेन्द्र मेरठ में एक कीटनाशक (Pesticide) निर्माण कंपनी का संचालक है। उसने पूछताछ में कबूला कि उसने अपनी कंपनी से जुड़े डीलरों और विशेष लोगों के “मनोरंजन” के लिए इस आलीशान पार्टी का आयोजन किया था।
जांच में यह भी सामने आया कि लगभग 10 दिन पहले उमेन्द्र ने रिसॉर्ट के जनरल मैनेजर लखेन्द्र चौधरी से संपर्क साधा था। उसने मैनेजर से शराब, शबाब (महिलाएं) और तथाकथित ‘एक्स्ट्रा सर्विस’ की व्यवस्था करने की मांग की थी। इसके बाद 4 जुलाई से 5 जुलाई तक के लिए इस रिसॉर्ट को लगभग 2.20 लाख रुपये की भारी-भरकम रकम में बुक किया गया था। राहुल गुला उर्फ सन्नी और सुनील कुमार नामक दलालों के माध्यम से प्रति महिला 10,000 रुपये के हिसाब से सौदा तय कर उन्हें दिल्ली और अन्य बाहरी क्षेत्रों से बुलाया गया था।
साक्ष्य छुपाने की थी कोशिश, एंट्री रजिस्टर में नहीं दर्ज किए नाम
इस अवैध धंधे को छुपाने के लिए रिसॉर्ट प्रबंधन ने पूरी चालाकी बरती थी। फरार जनरल मैनेजर लखेन्द्र चौधरी ने होटल स्टाफ को सख्त निर्देश दिए थे कि पार्टी में आने वाले किसी भी पुरुष या महिला की एंट्री आगंतुक (Visitor) रजिस्टर में न की जाए। इस तरह कानून की आंखों में धूल झोंकने और सबूत मिटाने का पूरा इंतजाम किया गया था। इसी वजह से पुलिस ने त्वरित कार्यवाही करते हुए पूरे रिसॉर्ट परिसर को सील कर दिया है।

51 पुरुष गिरफ्तार, भारी मात्रा में नकली नोट और आपत्तिजनक सामान बरामद
(नोट: मामले में एक विधि विवादित किशोर को भी संरक्षण में लिया गया है और रिसॉर्ट का जनरल मैनेजर लखेन्द्र चौधरी फिलहाल फरार है।)
पुलिस ने मौके से अनैतिक कृत्य कर रहे, नोट उड़ा रहे और शराब के नशे में धुत 51 पुरुषों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक विधि विवादित किशोर को संरक्षण में लिया गया है। गिरफ्तार किए गए आरोपी उत्तर प्रदेश के बाराबंकी, गोंडा, लखनऊ, आजमगढ़, मेरठ, पीलीभीत और देश की राजधानी दिल्ली के रहने वाले हैं।
बरामदगी की सूची:
- शराब की 03 पेटियां और बीयर की 01 पेटी।
- डांस के दौरान महिलाओं पर उड़ाने के लिए रखे गए 10 रुपये के असली नोटों का पुलिंदा।
- पुलिस को भ्रमित करने के लिए रखी गई भारतीय मुद्रा के सदृश 10 रुपये के नकली नोटों की 24 गड्डियां।
- भारी मात्रा में आपत्तिजनक सामग्री।
- लैपटॉप, कई मोबाइल फोन (जिनमें व्हाट्सएप चैट और युवतियों की तस्वीरें बरामद हुई हैं)।
- डीजे और डांस प्रोग्राम में प्रयुक्त म्यूजिक सिस्टम, एम्पलीफायर और साउंड बॉक्स।
इन गंभीर धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा
गिरफ्तार सभी 51 आरोपियों और फरार चल रहे मैनेजर के खिलाफ कोतवाली रामनगर में मु0अ0स0-210/2025 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 143, अनैतिक देह व्यापार (निवारण) अधिनियम की धारा 3/5/6, पॉक्सो (POCSO) अधिनियम की धारा 14, आबकारी अधिनियम की धारा 60/21 और किशोर न्याय (JJ) अधिनियम की धारा 77 के तहत अत्यंत गंभीर मुकदमा पंजीकृत किया गया है।
एसएसपी ने पुलिस टीम को दिया नकद इनाम
इस बेहद संवेदनशील और हाई-प्रोफाइल मामले का भंडाफोड़ करने वाली पुलिस टीम की चारों तरफ सराहना हो रही है। इस शानदार सफलता पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) नैनीताल डॉ० मंजूनाथ टी०सी० द्वारा प्रभावी और साहसिक कार्रवाई करने वाली संयुक्त पुलिस टीम को 2,500 रुपये के नकद पुरस्कार से पुरस्कृत करने की घोषणा की गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि देवभूमि उत्तराखंड में इस प्रकार की अनैतिक और अवैध गतिविधियों को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और आगे भी ऐसे होटलों-रिसॉर्ट्स पर पैनी नजर रखी जाएगी।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम:
उमेन्द्र कुमार (मुख्य आयोजक – मेरठ), सर्वेश कुमार सिंह, रामानुज सिंह, वीरेंद्र दुबे, जीतबहादुर, अनिरुद्ध, आष कुमार, आनंद कुमार, राधयेद्र पाण्डेय, पौय कुमार, राजेन्द्र कुमार, दीपक कुमार यादव, वरुण तिवारी, सुनील कुमार पांडेय, जयप्रकाश तिवारी, हरिशंकर तिवारी, विनोद कुमार, सालमान नूरी, ज्ञानदेव द्विवेदी, आलोक राजपूत, राहुल गुला उर्फ सन्नी, विकास कुमार, अरुण, मेहराजुद्दीन, ब्रजेश, सोहन सिंह, मनप्रीत सिंह, पवन सिंह, अरविंद सिंह, गुरुदयाल सिंह, हरजिंदर सिंह, राहुल गुमा, गौरव कुमार, आफताब आलम, राजेश कुमार, कुमार, आलोक कुमार, वैशराजपुर, बाजकुमार मौर्य, हरनारायण, सौरभ प्रजापति, मोहम्मद जमाल, आलोक रंजन, राजेश, अकरम, हिमांशु सिंह, अनुराग तिवारी, गरदिन पाल और सुनील कुमार।