बागेश्वर (उत्तराखंड): देवभूमि उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में सड़क हादसों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। बुधवार की सुबह बागेश्वर जिले से एक बेहद दर्दनाक और दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। यहाँ कपकोट-बागेश्वर मोटर मार्ग के पास एक पिकअप वाहन (टाटा 407) अनियंत्रित होकर लगभग 20 मीटर गहरी खाई में जा गिरा। इस भीषण हादसे में वाहन के चालक और प्राथमिक विद्यालय की एक भोजन माता सहित दो लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। वहीं, पिकअप में सवार चार अन्य महिलाएं गंभीर रूप से घायल हो गईं, जिन्हें आनन-फानन में अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
यह पूरी घटना सुबह करीब 8:15 बजे की बताई जा रही है, जब कपकोट-बागेश्वर मोटर मार्ग से जुड़े तुडतुडिया भैरों लिंक रोड पर यह हादसा हुआ। इस घटना के बाद से ही पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है और पीड़ित परिवारों में कोहराम मचा हुआ है।
घास लेने जा रही थीं महिलाएं, रास्ते में हुआ हादसा
मिली जानकारी के अनुसार, बुधवार की सुबह कपकोट के असों क्षेत्र से एक टाटा 407 पिकअप वाहन (पंजीकरण संख्या- UK-02 CA-0677) भैरों की ओर जा रहा था। इस वाहन में चालक के साथ कुल 6 लोग सवार थे। बताया जा रहा है कि गाड़ी में सवार 5 महिलाएं ग्रामीण थीं, जो रोजमर्रा की तरह सुबह-सुबह घास लेने के लिए जंगल की तरफ जा रही थीं।
वाहन मुख्य सड़क से लगभग एक किलोमीटर आगे तुडतुडिया भैरों लिंक रोड पर पहुंचा ही था कि अचानक चालक ने गाड़ी पर से अपना नियंत्रण खो दिया। पहाड़ी और संकरा रास्ता होने के कारण पिकअप अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे करीब 20 मीटर गहरी खाई में पलट गई। गाड़ी के खाई में गिरते ही चीख-पुकार मच गई।
स्थानीय लोगों और पुलिस ने चलाया रेस्क्यू ऑपरेशन
दुर्घटना की जोरदार आवाज सुनकर आसपास के खेतों और घरों में मौजूद स्थानीय ग्रामीण तुरंत मौके की तरफ दौड़े। ग्रामीणों ने बिना वक्त गंवाए तुरंत खाई में उतरकर बचाव कार्य शुरू किया और साथ ही स्थानीय पुलिस व प्रशासन को हादसे की सूचना दी।
सूचना मिलते ही पुलिस और आपातकालीन राहत टीम तुरंत घटनास्थल पर पहुंची। पुलिस और स्थानीय लोगों ने संयुक्त रूप से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर खाई में फंसे सभी घायलों को बेहद सूझबूझ और मशक्कत के साथ बाहर निकाला और तत्काल एम्बुलेंस के जरिए जिला चिकित्सालय बागेश्वर भिजवाया।
अस्पताल ले जाते समय चालक ने तोड़ा दम
इस दुखद हादसे में गंभीर रूप से घायल वाहन चालक भूपाल सिंह (उम्र 33 वर्ष), निवासी खारबगड़ को जब खाई से बाहर निकाला गया, तो उनकी हालत बेहद नाजुक बनी हुई थी। पुलिस और ग्रामीणों की मदद से उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया जा रहा था, लेकिन जख्मों के ताव न सह पाने के कारण उन्होंने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। डॉक्टरों ने अस्पताल पहुंचने पर उन्हें मृत घोषित कर दिया। युवा चालक की मौत से उनके परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
हायर सेंटर रेफर की गईं बुजुर्ग महिला (भोजन माता) की भी मौत
हादसे का दूसरा सबसे दुखद पहलू तब सामने आया जब गंभीर रूप से घायल एक बुजुर्ग महिला ने भी दम तोड़ दिया। मृतका की पहचान सुरमा देवी (उम्र 56 वर्ष), निवासी खटगेड़ा-रेथल के रूप में हुई है, जो राजकीय प्राथमिक विद्यालय असों में भोजन माता के पद पर कार्यरत थीं।
जिला चिकित्सालय बागेश्वर में प्राथमिक उपचार के बाद सुरमा देवी की गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें तुरंत हायर सेंटर के लिए रेफर कर दिया था। लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था; हायर सेंटर ले जाते समय गेरीछिना रोड के पास एम्बुलेंस के भीतर ही उन्होंने अंतिम सांस ली।
घायल महिलाओं का इलाज जारी, पुलिस जांच में जुटी
पिकअप हादसे में घायल हुई अन्य चार महिलाओं को जिला चिकित्सालय बागेश्वर में भर्ती कराया गया है, जहाँ डॉक्टरों की टीम उनकी देखरेख कर रही है। घायलों की पहचान इस प्रकार है:
- राधा देवी (27 वर्ष) – निवासी खटगेड़ा-रथेल
- तारा देवी (33 वर्ष) – निवासी खटगेड़ा-रथेल
- उमा देवी साही (25 वर्ष) – निवासी खटगेड़ा-रथेल
- कमला ऐठानी (32 वर्ष) – निवासी ऐठाड़
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, सभी घायलों को बेहतर से बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। इधर, पुलिस और प्रशासन की संयुक्त टीम ने दुर्घटनास्थल का बारीकी से मुआयना किया है। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और दुर्घटना के सटीक कारणों (जैसे तकनीकी खराबी या मानवीय चूक) का पता लगाने के लिए मामले की जांच शुरू कर दी है।