उत्तरकाशी/देहरादून:उत्तराखंड को नशामुक्त बनाने के संकल्प के साथ चलाई जा रही पुलिस की मुहिम को एक और बड़ी सफलता मिली है। उत्तरकाशी पुलिस ने “ऑपरेशन प्रहार” और “ड्रग्स फ्री देवभूमि” अभियान के तहत एक बड़ी कार्रवाई करते हुए उत्तराखंड की कुख्यात महिला ड्रग माफिया और गैंगस्टर मेहराज को गिरफ्तार कर लिया है। उत्तरकाशी पुलिस की एक विशेष टीम ने कल 3 जून 2026 को इस वांछित महिला तस्कर को देहरादून स्थित उसके आवास से धर दबोचा। वह लंबे समय से पुलिस की आंखों में धूल झोंककर फरार चल रही थी।
पुलिस कप्तान के निर्देशन में चला विशेष अभियान
यह पूरी कार्रवाई पुलिस अधीक्षक उत्तरकाशी श्रीमती कमलेश उपाध्याय के कुशल निर्देशन में अंजाम दी गई। पुलिस अधीक्षक ने जनपद में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी करने वाले अपराधियों के खिलाफ सख्त रुख अपनाया हुआ है। इसी क्रम में उत्तरकाशी की कोतवाली पुलिस ने एनडीपीएस (NDPS) एक्ट के एक मामले में वांछित चल रही आरोपी मेहराज के खिलाफ जाल बिछाया। पुलिस उपाधीक्षक उत्तरकाशी, श्री जनक सिंह पंवार के निकट पर्यवेक्षण और प्रभारी निरीक्षक कोतवाली उत्तरकाशी, श्री दिनेश कुमार के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने इस सरगर्मी से जारी तलाश को आखिरकार ठिकाने तक पहुँचाया।
अप्रैल में पकड़े गए तस्करों ने खोला था राज
इस कुख्यात महिला ड्रग माफिया की गिरफ्तारी के तार अप्रैल 2026 में हुई एक कार्रवाई से जुड़े हैं। अप्रैल माह में कोतवाली उत्तरकाशी पुलिस ने अवैध स्मैक की तस्करी करते हुए विनोद लाल और शुभम नाम के दो युवकों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया था। जब पुलिस ने इन दोनों आरोपियों से कड़ाई से पूछताछ की और मामले की गहन विवेचना (जांच) की, तो एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ।
दोनों अभियुक्तों ने कुबूल किया कि वे पहाड़ के युवाओं को परोसने के लिए स्मैक की खेद देहरादून की रहने वाली मेहराज से खरीदते थे। इस मामले में मेहराज की सीधी संलिप्तता पाए जाने के बाद उत्तरकाशी पुलिस ने उसके विरुद्ध धारा 8/21/29 एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत मुकदमा पंजीकृत कर उसकी तलाश शुरू कर दी थी।
ठिकाने बदल रही थी महिला माफिया, पुलिस ने ऐसे दबोचा
उत्तरकाशी पुलिस द्वारा केस दर्ज किए जाने की भनक लगते ही आरोपी मेहराज अंडरग्राउंड हो गई थी। वह पुलिस की गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार अपने छिपने के ठिकाने बदल रही थी। पुलिस टीम को उसकी सटीक लोकेशन ट्रेस करने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। इसी बीच पुलिस ने माननीय न्यायालय का दरवाजा खटखटाया, जहाँ से आरोपी महिला के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी कराया गया।
वारंट मिलने के बाद उत्तरकाशी पुलिस की टीम सक्रिय हुई और अपने खुफिया तंत्र (सटीक सूचना) की मदद से यह पता लगाया कि आरोपी महिला देहरादून में अपने घर पर मौजूद है। इसके बाद बिना वक्त गंवाए पुलिस टीम ने देहरादून स्थित उसके आवास पर दबिश दी और उसे गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेज दिया।
उत्तराखंड के कई जिलों में फैला था नेटवर्क, दर्ज हैं 12 से ज्यादा मुकदमे
गिरफ्तार की गई अभियुक्ता मेहराज पत्नी मुस्तकीम, मूल रूप से ग्राम खुशहालपुर, थाना सहसपुर, जनपद देहरादून की निवासी है। वह कोई साधारण अपराधी नहीं है, बल्कि उसके खिलाफ देहरादून और उत्तरकाशी के विभिन्न थानों में दर्जनों आपराधिक मामले दर्ज हैं। वह लंबे समय से स्मैक और अन्य घातक नशीले पदार्थों की तस्करी में सक्रिय रही है। उसके बढ़ते अपराधों को देखते हुए देहरादून पुलिस द्वारा उसके विरुद्ध पूर्व में सख्त गैंगस्टर एक्ट और गुंडा अधिनियम के तहत भी कार्रवाई की जा चुकी है।
अभियुक्ता मेहराज का लंबा आपराधिक इतिहास (Criminal History):
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, आरोपी मेहराज के खिलाफ साल 2017 से लेकर अब तक लगातार मुकदमे दर्ज हो रहे हैं। उसके लंबे आपराधिक इतिहास पर एक नजर:
- वर्ष 2017: मु0अ0सं0 62/2017 – धारा 8/20 एनडीपीएस एक्ट (थाना सहसपुर, देहरादून)
- वर्ष 2018: मु0अ0सं0 21/2018 – धारा 8/21 एनडीपीएस एक्ट (थाना सहसपुर, देहरादून)
- वर्ष 2018: मु0अ0सं0 179/2018 – धारा 8/21 एनडीपीएस एक्ट (थाना सहसपुर, देहरादून)
- वर्ष 2018: मु0अ0सं0 312/2018 – धारा 3(1) गुंडा अधिनियम (थाना सहसपुर, देहरादून)
- वर्ष 2019: मु0अ0सं0 63/2019 – धारा 8/20 एनडीपीएस एक्ट (थाना सहसपुर, देहरादून)
- वर्ष 2019: मु0अ0सं0 318/2019 – धारा 323, 504, 506 भादवि (थाना सहसपुर, देहरादून)
- वर्ष 2022: मु0अ0सं0 373/2022 – धारा 2/3 गैंगस्टर एक्ट (थाना सहसपुर, देहरादून)
- वर्ष 2023: मु0अ0सं0 246/2023 – धारा 504, 506 भादवि (थाना सहसपुर, देहरादून)
- वर्ष 2025: मु0अ0सं0 3/2025 – धारा 8/21/29/60/27ए एनडीपीएस एक्ट (थाना बडकोट, उत्तरकाशी)
- वर्ष 2025: मु0अ0सं0 328/2025 – धारा 8/21/29/60 एनडीपीएस एक्ट (थाना विकासनगर, देहरादून)
- वर्ष 2026: मु0अ0सं0 62/2026 – धारा 8/21 एनडीपीएस एक्ट (थाना सहसपुर, देहरादून)
- वर्ष 2026: मु0अ0सं0 16/2026 – धारा 8/21/29 एनडीपीएस एक्ट (थाना कोतवाली, उत्तरकाशी)
इस लंबे चौड़े इतिहास से साफ है कि मेहराज उत्तराखंड के पहाड़ी और मैदानी क्षेत्रों में नशीले पदार्थों की सप्लाई चेन की एक मुख्य कड़ी बनी हुई थी।
कार्रवाई करने वाली जांबाज पुलिस टीम
देहरादून जैसे बड़े शहर से इस कुख्यात अपराधी को दबोचने वाली उत्तरकाशी पुलिस की टीम में मुख्य रूप से निम्नलिखित अधिकारी व कर्मचारी शामिल रहे, जिनकी सूझबूझ की सराहना की जा रही है:
- उपनिरीक्षक (SI): प्रमोद कुमार
- हेड कांस्टेबल: महिपाल सिंह
- महिला कांस्टेबल: कविता जोशी
उत्तरकाशी पुलिस के मीडिया सेल से मिली जानकारी के मुताबिक, पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि मेहराज के इस काले कारोबार में और कौन-कौन से सफेदपोश या अन्य तस्कर शामिल हैं। पुलिस अधीक्षक ने साफ संदेश दिया है कि देवभूमि की शांत वादियों में नशा घोलने वाले किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा।