कोटद्वार के कालागढ़ में सिंचाई विभाग के जेई का संदिग्ध परिस्थितियों में मिला शव, करंट लगने की आशंका
पौड़ी।उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल जिले के कोटद्वार से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां कालागढ़ स्थित सिंचाई विभाग के एक अवर अभियंता (जेई) का शव उनके ही राजकीय आवास के बाथरूम में संदिग्ध परिस्थितियों में पड़ा मिला। मृतक के दाहिने हाथ की एक उंगली झुलसी हुई पाई गई है, जिसके चलते प्राथमिक तौर पर करंट लगने से मौत की आशंका जताई जा रही है। इस घटना से पूरे इलाके और विभागीय कर्मचारियों में हड़कंप मच गया है।
रामगंगा बांध परियोजना पर तैनात थे जेई
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, यह पूरी घटना कोटद्वार के कालागढ़ स्थित नई कॉलोनी की है। यहाँ रामगंगा बांध परियोजना के सैडिल बांध पर अवर अभियंता के पद पर तैनात अनिल कुमार (उम्र 45 वर्ष) का शव रविवार को आवास संख्या ए-68 के बाथरूम से बरामद किया गया। मृतक इसी सरकारी आवास में अकेले रहते थे। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुँची और स्थिति का जायजा लिया।
दाहिने हाथ की उंगली झुलसी, करंट लगने की आशंका
घटनास्थल पर पुलिस और फोरेंसिक टीम को मृतक अनिल कुमार के दाहिने हाथ की एक उंगली झुलसी हुई हालत में मिली। इसी सुराग के आधार पर यह अंदेशा लगाया जा रहा है कि बाथरूम में नहाने या किसी अन्य कार्य के दौरान वे किसी विद्युत उपकरण या खुले करंट के संपर्क में आ गए होंगे। हालांकि, करंट लगने की ये परिस्थितियां कैसे बनीं और इसके पीछे कौन सा उपकरण जिम्मेदार है, यह फिलहाल स्पष्ट नहीं हो पाया है।
पुलिस कर रही है हर पहलू की गहराई से जांच
पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए कोटद्वार भेज दिया है। अधिकारियों का कहना है कि मौत के असली कारणों से पर्दा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही उठेगा। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि यह महज एक दुर्घटना थी या इसके पीछे कोई अन्य वजह है। घटनास्थल से जुड़े सभी साक्ष्यों को इकट्ठा किया जा रहा है और कालागढ़ पुलिस पूरे मामले की बारीकी से तफ्तीश में जुटी हुई है।
बाथरूम और घरों में बिजली के इस्तेमाल को लेकर बरतें सावधानी
इस तरह की दुर्घटनाएं सुरक्षा उपायों में कमी की ओर इशारा करती हैं। घरों या विशेषकर बाथरूम जैसी जगहों पर जहां नमी अधिक होती है, बिजली के उपकरणों का इस्तेमाल बेहद सावधानी से किया जाना चाहिए:
- हमेशा आईएसआई (ISI) और बीआईएस (BIS) प्रमाणित गुणवत्ता वाले विद्युत उपकरणों और तारों का ही उपयोग करें।
- घरों की वायरिंग हमेशा अच्छी और पेशेवर तरीके से करवाएं ताकि शॉर्ट सर्किट का खतरा न रहे।
- घरों में एमसीबी (MCB) और उचित अर्थिंग सिस्टम का होना अनिवार्य है।
- गीजर या वॉटर हीटर जैसे उपकरणों का इस्तेमाल करते समय पूरी सावधानी बरतें और जरूरत न होने पर उन्हें बंद रखें।